तुलसी के पत्ते के साथ काली मिर्च का चूर्ण मिलकर चाटने से बुखार कम होने लगता है। यह दादी माँ का बहुत ही लाभदायक देसी नुस्ख़ा है।
50 ग्राम सौंफ को 1 लीटर पानी मे घोल कर रात को रख दें। फिर सुबह उस पानी को छान कर पीने से ज्वर (फीवर) में आराम मिलता है। यह विराल फीवर का बहुत अच्छा घरेलू उपचार है।
बुखार से पीड़ित रोगी को तरबूज़ खिलाने से या उसका रस पिलाने से राहत मिलती है और शरीर मे गर्मी नही बढ़ती। यह बुकार के लिए बहुत ही फायदेमंद घरेलू उपाय है।
20 ग्राम कुटी हुई गिलोइ को रात को थोड़े से पानी में भिगो कर सुबह मसल कर पीने से सब तरह के बुखार के इलाज में लाभ होता है।
रात को 30 से 40 मुन्नकों को लगभग 1 ग्लास पानी में भिगो दें और सुबह उसे खूब उबाल कर मुन्नके के बीज निकाल कर खा लें और वही पानी पी लें। इससे शरीर में स्फूर्ति आएगी और जवार का इलाज होगा।
बिमारी से लड़ने की ताकत सुधारने के लिए प्रतिदिन 10-15 मिनिट लिंग मुद्रा (अंगुष्ठ मुद्रा) का अभ्यास करना चाहिए।
आपको यह पोस्ट भी जरूर पसंद आएगी
No comments:
Post a Comment